Breaking :
||झारखंड में गर्मी से मिलेगी राहत, गरज के साथ बारिश के आसार, येलो अलर्ट जारी||चतरा, हजारीबाग और कोडरमा संसदीय क्षेत्र में मतदान कल, 58,34,618 मतदाता करेंगे 54 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला||चतरा लोकसभा: भाजपा और कांग्रेस के बीच सीधी टक्कर, फैसला जनता के हाथ||भाजपा की मोटरसाइकिल रैली पर पथराव, कार्यकर्ताओं के साथ मारपीट, कई घायल||झारखंड की तीन लोकसभा सीटों पर चुनाव प्रचार थमा, 20 मई को वोटिंग||पिता के हत्यारे बेटे की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त बंदूक बरामद समेत पलामू की तीन ख़बरें||चतरा लोकसभा क्षेत्र के नक्सल प्रभावित इलाके में नौ बूथों का स्थान बदला, जानिये||झारखंड हाई कोर्ट में 20 मई से ग्रीष्मकालीन अवकाश||पलामू: हार्डकोर इनामी माओवादी नीतेश के दस्ते का सक्रिय सदस्य गिरफ्तार||लातेहार: 65 हेली ड्रॉपिंग बूथ के लिए शुभकामनायें लेकर मतदान कर्मी रवाना
Monday, May 20, 2024
BIG BREAKING - बड़ी खबरझारखंडरांची

आ गये मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, सत्तारूढ़ मंत्रियों और विधायकों के साथ की बैठक, पहली बार बैठक में दिखीं कल्पना सोरेन

रांची : मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को लेकर सारी अटकलों पर विराम लग गया है। मुख्यमंत्री रांची में ही हैं। वे शिबू सोरेन के आवास से अपने आवास पहुंचे हैं। उन्होंने हाथ हिलाकर पत्रकारों का अभिनंदन भी किया। आवास में अंदर जाने से पहले उनके चेहरे पर खुशी का भाव था। वे कांके रोड स्थित मुख्यमंत्री आवास में सत्ताधारी सभी मंत्रियों और विधायकों के साथ बैठक की।

बैठक में 31 जनवरी को ईडी की पूछताछ के दौरान हेमंत सोरेन की गिरफ्तारी की संभावना पर गठबंधन की आगे की रणनीति पर मंथन हुआ। मुख्यमंत्री के आने से पूर्व ही तकरीबन सारे विधायक मुख्यमंत्री हाउस में जुट गये थे। बैठक में ग्रामीण विकास मंत्री आलमगीर आलम के अलावा बादल पत्रलेख, हफीजुल हसन, जोबा मांझी, बेबी देवी, बन्ना गुप्ता, चंपई सोरेन सहित अन्य मौजूद थीं।

सबसे दिलचस्प बात है कि पहली बार सत्तारूढ़ मंत्रियों और विधायकों की इस बैठक में मुख्यमंत्री की पत्नी कल्पना सोरेन भी शामिल हुईं। अब कहा जा रहा है कि बैठक के बाद सीएम कुछ मंत्रियों और विधायकों संग आज ही राजभवन भी जायें और राज्यपाल से मिलकर ताजा हालात की जानकारी दें। यह कयास लगाया जा रहा है कि क्या कल्पना सोरेन झारखंड की अगली मुख्यमंत्री होंगी।

इधर, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के दिल्ली स्थित आवास से ईडी ने 35 लाख रुपये बरामद किये हैं। यह रकम कमरे में रखे एक लॉकर से बरामद हुई है। ईडी की एक टीम जमीन फर्जीवाड़े मामले में मनी लॉन्ड्रिंग जांच के संबंध में पूछताछ करने के लिए बीते सोमवार को मुख्यमंत्री के दिल्ली स्थित आवास पहुंची थी। लगभग 13 घंटे से अधिक समय तक वहां डेरा डाले रही। इस दौरान ईडी की टीम ने परिसर की तलाशी ली। ईडी को हेमंत सोरेन की एक बीएमडब्ल्यू कार, नकदी और कई दस्तावेज मिले हैं। बरामद गाड़ी हरियाणा नम्बर वाली बतायी जा रही है।

गौरतलब है कि ईडी ने जमीन फर्जीवाड़े के मामले में 20 जनवरी को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से रांची में उनके आवास पर पूछताछ की थी। इसके बाद नया समन जारी करते हुए यह बताने को कहा था कि वह पूछताछ के लिए 29 जनवरी या 31 जनवरी में से किस दिन आयेंगे। समन के जवाब में मुख्यमंत्री सचिवालय से ईडी को पत्र भेजा गया लेकिन पूछताछ के लिए दिन या तारीख नहीं बतायी थी।

सोरेन ने ईडी को भेजे ईमेल में उस पर राज्य सरकार के कामकाज में बाधा डालने के लिए ‘राजनीतिक एजेंडे से प्रेरित’ होने का आरोप लगाया और दावा किया कि 31 जनवरी को या उससे पहले उनका बयान दोबारा दर्ज कराने की ईडी की जिद से दुर्भावना झलक रही है। हालांकि, बाद में 31 जनवरी को आवास पर बयान दर्ज कराने के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने स्वीकृति दी।

Jharkhand Political Crisis News
Jharkhand Political Crisis News

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मंगलवार को मंत्रियों और विधायकों से संग बैठक करने के बाद रांची के मोरहाबादी स्थित बापू वाटिका पहुंचे और महात्मा गांधी की 76वीं पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि दी। बापू वाटिका में महात्मा गांधी को माल्यार्पण करने के बाद मुख्यमंत्री ने उनके आदर्शों पर चलने की बात कही। साथ ही कहा कि कोई दिक्कत नहीं है।

मुख्यमंत्री आवास में सत्तारूढ़ दलों के मंत्रियों और विधायकों संग मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की बैठक खत्म हो गयी। यह बैठक करीब 30-40 मिनट तक चली। इसके बाद मुख्यमंत्री सहित मंत्री रामेश्वर उरांव, बन्ना गुप्ता, चंपई सोरेन, विधायक मथुरा महतो, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश ठाकुर सहित अन्य भी मोरहाबादी स्थित बापू वाटिका पहुंचे। मुख्यमंत्री ने बापू वाटिका में बापू को श्रद्धांजलि दी।

राज्य के स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने कहा कि सत्तारूढ़ दल के सभी साथी एकजुट हैं। साथ ही कहा कि बापू हम शर्मिंदा हैं, तेरे कातिल जिन्दा हैं। कांग्रेस विधायक दीपिका पांडेय सिंह ने कहा कि भाजपा केवल अफवाह फैलाती है। वह इस काम में सबसे बड़ा तंत्र है। मुख्यमंत्री की तलाश में गृह मंत्रालय की भूमिका पर गृह मंत्री को इस्तीफा देना चाहिए। हालांकि, झामुमो, कांग्रेस के अधिकांश मंत्रियों, विधायकों ने मुख्यमंत्री आवास से निकलते समय मीडिया से कुछ भी कहने से परहेज किया।

Jharkhand Political Crisis News