Breaking :
||पलामू में बिजली गिरने से तीन किशोर की मौत, बारिश से बचने के लिए पेड़ के नीचे छिपे थे||रांची में करंट लगने से एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत, तिरंगा लगाने के दौरान हुआ हादसा||15 अगस्त को झारखंड के 26 पुलिसकर्मियों को विभिन्न सेवाओं के लिए मेडल||रांची में नकली नोटों के तस्कर को पकड़ने गई दिल्ली पुलिस पर ग्रामीणों ने किया हमला, बनाया बंधक||झारखंड जल्द होगा सूखाग्रस्त घोषित, सभी मापदंडों पर तैयार हो रही रिपोर्ट||लातेहार: विद्यालय से उर्दू शब्द हटाए जाने पर मुस्लिम समुदाय में आक्रोश, किया प्रदर्शन||मुख्य धारा में लौटे नक्सलियों के सम्मान समारोह में अधिकारियों ने कहा- सरकार की सेरेंडर पॉलिसी का लाभ उठाएं नक्सली||लातेहार : खेत में धान बो रहे किसान पर गिरी बिजली, पति-पत्नी की मौके पर ही मौत||झारखंड भाजपा को मिलेगा नया प्रदेश अध्यक्ष, नियुक्ति को लेकर कई नामों पर चर्चा||अब झारखंड के बिजली उपभोक्ताओं को मिलेगी 100 यूनिट मुफ्त बिजली

लातेहार: झुंड से बिछड़े जंगली हाथी की संदिग्ध मौत, दोनों दांत थे गायब, शिकारियों द्वारा निकाले जाने की आशंका

'

संजय राम/बारियातू

लातेहार : बालूमाथ वन क्षेत्र अंतर्गत साल्वे पंचायत के रेंची जंगल में एक हाथी (10 वर्ष) की संदिग्ध हालत में मौत हो गई है। मृत हाथी के दोनों दांत गायब थे। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग के आला अधिकारी मौके पर पहुंचे और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी। वहीं, मेडिकल टीम ने हाथी का पोस्टमार्टम किया।

लातेहार की ताज़ा ख़बरों के लिए व्हाट्सप्प ग्रुप ज्वाइन करें

आपको बता दें कि यह हाथी कुछ दिन पूर्व अपने झुंड से पिछले एक माह से छूट कर रेंची, बलुआही जंगल में घूम रहा था। उसके बायीं ओर के पिछले पैर में चोट थी जिस कारण वह ठीक से चल नहीं पा रहा था। वह लगातार बीमार चल रहा था। वन विभाग की टीम हाथी का इलाज करा रही थी। लातेहार डीएफओ रोशन कुमार ने 18 जुलाई को पलामू टाइगर रिजर्व क्षेत्र से चिकित्सक को बुलाकर हाथी का प्रॉपर इलाज शुरू करवाया था।

लगभग 15 दिनों तक चले ईलाज के बाद हाथी पूरी तरह स्वस्थ भी हो गया था। आसपास के ग्रामीणों के अनुसार बुधवार को शाम चार बजे तक हाथी को स्वस्थ्य घूमते हुए देखा गया था। इसी बीच शनिवार को हाथी को मरने की सूचना फ़ैल गयी। अचानक हाथी की मौत की खबर वन विभाग के अधिकारियों को मिली तो वन विभाग के अधिकारी पहुंचे व जांच की। इस दौरान उसके दोनों दांत गायब मिले।

झारखण्ड की ताज़ा ख़बरों के लिए यहाँ क्लिक करें

इधर इस संबंध में स्थानीय ग्रामीण भुनेश्वर यादव, नरेश सिंह आदि की मानें तो ईलाज के बाद हाथी पूरी तरह स्वस्थ हो गया था। साथ ही ग्रामीणों को दौड़ाने भी लगा था।

इस संबंध में लातेहार डीएफओ रोशन कुमार ने कहा कि हाथी की मौत की सूचना मिलने के बाद पूरी टीम के साथ घटनास्थल पर पहुँचकर स्थिति से अवगत हो रहा हूँ। साथ ही मेडिकल टीम के माध्यम से हाथी के प्रत्येक अंगों से सैम्पल लिया गया है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आते ही मौत के कारणों का पता चल जाएगा।

हाथी के गायब दांत के संबंध में कहा कि वन विभाग द्वारा जाँच की जाएगी। साथ ही स्थानीय पुलिस प्रशासन से भी मदद ली जाएगी। मेडिकल टीम के पोस्टमार्टम कर रहे डॉ एस एस कुलु (वैज्ञानिक बिरसा कृषि विज्ञान केंद्र राँची) डॉ शिवानन्द कोसी (भ्रमशील चिकित्सा पदाधिकारी, इटकी) डॉ ओमप्रकाश साहू (बिरसा जैविक उद्यान राँची) डॉ विजय शंकर दुबे (वाईल्ड लाइफ इंस्टीच्यूट राँची) ने बताया कि 36 घंटे पहले हाथी की मौत हुई है।