Breaking :
||झारखंड में Suo-Moto Online Mutation की ऐतिहासिक शुरुआत, अब जमीन रजिस्ट्री के बाद म्यूटेशन के लिए नहीं देना पड़ेगा आवेदन||झारखंड प्रशासनिक सेवा के 14 अधिकारियों को मिली अपर सचिव के पद पर पदोन्नति||लातेहार: कब्र से निकाले गये शव की गुत्थी महुआडांड़ पुलिस ने सुलझाया, सास, ससुर व साले ने पीट-पीटकर की थी हत्या||लातेहार: आदिवासी मुख्यमंत्री के कार्यकाल में आदिवासी की मौत के बाद नहीं मिली एंबुलेंस, ठेले पर ले गया शव||पलामू में भाकपा माओवादी के सब जोनल कमांडर नारायण यादव गिरफ्तार||चतरा में भाकपा माओवादी के एरिया कमांडर ने किया पुलिस के सामने सरेंडर||लातेहार: सात दिन पूर्व दफनाये गये शव को महुआडांड़ पुलिस ने कब्र से निकलवाया, हत्या की आशंका||लातेहार : गैंगस्टर गोपाल शार्क शूटर के नाम से पोस्टर चस्पा कर दी चेतावनी, सभी को देनी होगी रंगदारी, दो दिन लातेहार व चंदवा बंद रखने की धमकी||लातेहार में उग्रवादी संगठन JJMP के सबजोनल कमांडर समेत दो गिरफ्तार, हथियार बरामद||झारखंड निकाय चुनाव में ओबीसी को आरक्षण नहीं देने के मामले में सरकार को सुप्रीम कोर्ट का नोटिस

टोरी रेलवे क्रॉसिंग पर जाम में फंसने से रेल चालक की मौत!

सामाजिक कार्यकर्ता अयूब खान की रिपोर्ट :

लातेहार : चंदवा टोरी रेलवे क्रॉसिंग के जाम में फंसकर रेल ड्राइवर मंटु लाल उरांव (57 वर्ष) पिता स्व राधा उरांव की मौत पिछले 10 दिसंबर को हो गई थी। मृतक चंदवा प्रखंड के सदाबर (नगर) के निवासी थे। वे हावड़ा (कोलकाता) में 5 वर्षोंं से रेलवे में ड्राइवर के पद पर पदस्थापित थे।

बता दें कि विगत 10 दिसंबर को मंटु लाल उरांव के सीने में हल्का दर्द उठा। इसके बाद उनके परिजन उन्हें बोलेरो गाड़ी से इलाज के लिए चंदवा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जा रहे थे। इसी क्रम में उनकी गाड़ी टोरी रेलवे क्रॉसिंग पर जाम में फंस गई। करीब आधे घंटे तक जाम में फंसे रहने के दौरान उन्हें सांस लेने में परेशानी होने लगी और उनके साँसों की डोर टूटने लगी। जाम खुलने के बाद जब उन्हें चंदवा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया तो चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।

रेल ड्राइवर स्व मंटु लाल उरांव जाम में नहीं फंसते तो समय पर अस्पताल पहुंच जाते और उन्हें ऑक्सीजन मिल जाती जिससे उनकी जान बच जाती। परिजनों को आज भी यह मलाल है कि क्रॉसिंग जाम में मंटु नहीं फंसता तो उसे अस्पताल में ऑक्सीजन मिल जाती और उसे बचा लेते।

इधर, सामाजिक कार्यकर्ता सह माकपा नेता अयुब खान ने कहा है कि टोरी रेलवे क्रॉसिंग पर लगाने वाले जाम के कारण मरीज समय पर अस्पताल नहीं पहुंच पा रहे हैं जिस कारण मरीजों की मौत क्रॉसिंग पर लगातार हो रही है। रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण कार्य नहीं होने के कारण मरीज अपनी जान गंवा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार, केंद्र सरकार, रेल मंत्रालय और कितनी मौत होने का इंतजार कर रही है। लोगों को यह भय हमेशा सताती है कि कब कौन बिमार पड़ जाए और क्रॉसिंग पर जाम में फंस जाएं।

मंटु लाल उरांव अच्छे स्वभाव के थे। उनके निधन से इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है। वे अपने पीछे भरा पूरा परिवार छोड़ गए हैं।

रेल ड्राइवर मंटु लाल उरांव के निधन पर सामाजिक कार्यकर्ता अयुब खान ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए उनके परिजनों शुभचिंतकों के प्रति संवेदना प्रकट की है।


Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *