Breaking :
||कोयला लदे हाइवा व ट्रक की भीषण टक्कर में दोनों चालकों की दर्दनाक मौत||रांची: असामाजिक तत्वों ने मेन रोड स्थित हनुमान मंदिर में की तोड़फोड़, प्रतिमा क्षतिग्रस्त||बालूमाथ: वज्रपात की चपेट में आने से पत्नी की मौत, पति समेत दो घायल||पातम-डाटम जलप्रपात में डूबे दोनों युवकों के शव बरामद, प्रशासनिक उदासीनता से ग्रामीणों में आक्रोश||तीन माह की गर्भवती महिला से छह अपराधियों ने पति के सामने किया सामूहिक दुष्कर्म, सभी आरोपी गिरफ्तार||लातेहार: माइंस खोलने को लेकर भूमि पूजन करने मंगरा गांव पहुंची डीवीसी कंपनी का विरोध, दो पक्षों में जमकर मारपीट, आधा दर्जन लोग घायल||लातेहार: नाबालिग से दुष्कर्म कर बनाया वीडियो, वायरल करने की धमकी दे करता रहा दुष्कर्म, ग्रामीणों ने पिटायी कर पुलिस को सौंपा||BREAKING: बालूमाथ में मधुमक्खियों ने फिर किया हमला, एक आदिवासी महिला की मौत, छह घायल||लातेहार: पातम-डाटम जल प्रपात घूमने आये दो युवकों की नहाने के दौरान नदी में डूबने से मौत||पाकुड़ में करंट लगने से बाप-बेटे की मौत, बेटे को बचाने में गयी पिता की जान

ग्रामीणों ने पैतृक संपत्ति वितरण शिविर में जमीन ऑनलाइन कराकर मिनी सर्वे कराने की मांग

'

पैतृक संपत्ति वितरण शिविर

संजय राम/बारियातू

लातेहार : उपायुक्त के निर्देश पर बारियातू पंचायत सचिवालय में लगाए गए पैतृक संपत्ति वितरण शिविर में गाड़ी व नचना गांव की भूमि को ऑनलाइन करते हुए क्षेत्र में मिनी सर्वे कराने की मांग को लेकर ग्रामीणों ने अंचलधिकारी के नाम एक आवेदन सौंपा है।

शिविर में उपस्थित ग्रामीणों ने आवेदन के माध्यम से बताया है कि गाड़ी व नचना गांव का रैयती खतियानी भूमि ऑनलाइन नहीं होने से जाति, स्थानीय, आय प्रमाण पत्र नहीं बनने के साथ-साथ जमीन की खरीद बिक्री नहीं हो पा रही है, जिससे लोगों को काफी परेशानी हो रही है।

नया सर्वे में काफी गड़बड़ी होने की बात को बताते हुए ग्रामीणों ने कहा कि नया सर्वे में नाम किसी का और जमीन किसी का कर दिया गया है। जिससे गरीब गुरबे मजदूर लोगों को कोर्ट कचहरी का चक्कर लगाना पड़ रहा है। इससे काफी विवाद की स्थिति उत्पन्न हो गई है। गड़बड़ वाली सर्वे को रद्द करते हुए पुनः मिनी सर्वे कराने की ग्रामीणों ने मांग की है।

आलम यह है की नया सर्वे में त्रुटि के कारण गैरमौजरूआ भूमि को बिहार सरकार, गैरमजूरवा भूमि की रसीद नहीं काटना, 1932 की खतियातन के आधार पर गैरमजूरवा भूमि को रैयती कर कागज मे ही खरीद बिक्री कर मुलवासियों को परेशान किया जा रहा है जिससे भयावह स्थित उत्पन्न होने की संभावनाबन रही है। कई गरीब परिवार भूमिहीन होने के कगार पर भी है।

आवेदन मे बताया की बैगा पाहन को व्यक्तिगत मालिकाना हक़ नहीं दिया जाय। क्योंकि व्यक्तिगत मालिकाना हक दिए जाने से वैध तरीके से भूमि बिक्री कर दिया जा रहा है। जिससे देवी देवताओं को पूजा करने वाले बैगा पाहन का अस्तित्व नहीं बच पायेगा!

पीड़ित लोगों ने हस्ताक्षर युक्त आवेदन के माध्यम से यह भी बताया की पूर्वजों का जमीन नया सर्वे मे अन्य लोगों के नाम पर चला गया है। जिससे कोर्ट कचहरी का चक्कर लगाने को बिवश हैं। नया सर्वे को रद्द कर धरातल में जाकर मिनी सर्वे कराने की ग्रामीणों ने सरकार से मांग की है।

आपको बताते चलें की निष्पक्ष निष्पादन के लिए गत सर्वे या हाल सर्वे को रद्द करना होगा। लातेहार जिला में हाल सर्वे यानि नया सर्वे के बाद जमीन सम्बंधित मामले काफी बढ़ गए हैं। यदि नया सर्वे रद्द नहीं किया गया तो जाहिर सी बात है कि सिर्फ मिनी सर्वे के नाम पर औपचारिकता निभाया जायेगा। ग्रामीणों ने नया सर्वे को रद्द करते हुए मिनी सर्वे कराने की सरकार से मांग की है।

मौके पर सदर मुखिया बारियातू प्रमोद उरांव, प्रखंड बिससूत्री अध्यक्ष राजेन्द्र गंझू , राज्य सभा सांसद प्रतिनिधि सह कांग्रेस प्रखंड अध्यक्ष रिगन कुमार, बढ़ो उरांव, राजू उरांव, प्रदीप उरांव, बिनेस, सुरेश, सुखमनी देवी, मनोज राम, जगु उरांव, महेंद्र प्रसाद सहित काफ़ी संख्या मे ग्रामीणों मौजूद थे।

पैतृक संपत्ति वितरण शिविर


Leave a Reply

Your email address will not be published.